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Ghaziabad Jewar RRTS DPR: जेवर एयरपोर्ट जाने वालों की चमकेगी किस्मत, नमो भारत रफ्तार का नया इतिहास लिखने को तैयार

Ghaziabad Jewar RRTS DPR यानी विस्तृत परियोजना रिपोर्ट के तैयार होने की खबर ने दिल्ली-एनसीआर के लाखों दैनिक यात्रियों के बीच एक रोमांचक हलचल पैदा कर दी है। नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट (जेवर) जाने वाले मुसाफिरों को आने वाले दिनों में सार्वजनिक परिवहन का एक बेहद तेज और सुपरफास्ट विकल्प मिलने जा रहा है। इस महत्वाकांक्षी हाई-स्पीड रेल प्रोजेक्ट ने अब अपने सबसे महत्वपूर्ण तकनीकी चरण में कदम रख दिया है।

शलभ गोयल का बड़ा बयान: राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र परिवहन निगम (एनसीआरटीसी) के प्रबंध निदेशक शलभ गोयल ने एक विशेष इंटरव्यू में इस बात की आधिकारिक पुष्टि की है। उन्होंने बताया कि इस प्रस्तावित 72.44 किलोमीटर लंबे नमो भारत कॉरिडोर का काम अब तेजी से आगे बढ़ रहा है। उन्होंने साफ किया कि वर्तमान समय में गाजियाबाद-जेवर और नोएडा-फरीदाबाद-गुरुग्राम दोनों ही महत्वपूर्ण रूटों की डीपीआर पर एक साथ काम चल रहा है।

रफ्तार छुएगी आसमान: इस बेहद आधुनिक कॉरिडोर को लेकर Ghaziabad Jewar RRTS DPR में जो सबसे हैरान करने वाली बात सामने आई है, वह है इसकी अविश्वसनीय स्पीड। इस पूरे रूट पर दौड़ने वाली नमो भारत ट्रेनों को 180 किलोमीटर प्रति घंटे की अधिकतम परिचालन गति के लिए डिजाइन किया जाएगा। इस तूफानी रफ्तार की बदौलत गाजियाबाद से जेवर एयरपोर्ट का लंबा सफर घटकर महज 40 से 50 मिनट का रह जाएगा।

20,640 करोड़ का बजट: यह हाई-स्पीड नेटवर्क नमो भारत का चौथा रीजनल रैपिड ट्रांजिट (आरआरटीएस) कॉरिडोर बनने जा रहा है, जिसकी कुल अनुमानित लागत लगभग 20,640 करोड़ रुपये आंकी गई है। यह कॉरिडोर गाजियाबाद से शुरू होकर नोएडा, ग्रेटर नोएडा वेस्ट और यमुना एक्सप्रेसवे औद्योगिक विकास प्राधिकरण (यीडा) सिटी जैसे तेजी से विकसित हो रहे आर्थिक क्षेत्रों से गुजरते हुए सीधे जेवर हवाई अड्डे पर समाप्त होगा।

रूट के प्रमुख स्टेशन: परियोजना के तहत इस रूट पर कुल 12 मुख्य स्टेशन और दो बड़े रखरखाव डिपो बनाए जाने की योजना है। इस कॉरिडोर पर प्रमुख रूप से गाजियाबाद, गाजियाबाद साउथ, ग्रेटर नोएडा वेस्ट (सेक्टर-4 व सेक्टर-2), नॉलेज पार्क-5, सूरजपुर, परी चौक, इकोटेक-6, दनकौर, यीडा नॉर्थ (सेक्टर-18), यीडा सेंट्रल (सेक्टर-21) और आखिरी पड़ाव के रूप में सीधे जेवर एयरपोर्ट स्टेशन का निर्माण किया जाएगा।

मेट्रो से शानदार इंटरचेंज: यात्रियों की सहूलियत के लिए इस कॉरिडोर को मौजूदा दिल्ली मेट्रो और नोएडा मेट्रो के एक्वा लाइन नेटवर्क से भी सीधे जोड़ा जाएगा। परी चौक स्टेशन को नोएडा मेट्रो के साथ ‘इंटरचेंज’ के रूप में विकसित किया जा रहा है, जबकि यीडा सेंट्रल स्टेशन से आने वाली फिल्म सिटी के लिए कनेक्टिविटी मिलेगी। इसके अतिरिक्त, दिल्ली के यात्री रेड लाइन मेट्रो के जरिए सीधे गाजियाबाद स्टेशन पहुंचकर इस नेटवर्क का लाभ उठा सकेंगे।

तैयारियां हुई बेहद तेज: निर्माण कार्य शुरू होने से पहले जमीनी स्तर पर भू-तकनीकी जांच, जमीन के नीचे मौजूद पाइपलाइनों और बिजली की हाई-टेंशन लाइनों को शिफ्ट करने का काम भी शुरू कर दिया गया है। एनसीआरटीसी का मुख्य लक्ष्य यह है कि जैसे ही सरकार से अंतिम वित्तीय मंजूरी मिले, बिना किसी देरी के निर्माण कार्य को जमीन पर उतार दिया जाए। इस प्रकार Ghaziabad Jewar RRTS DPR का यह कदम वेस्ट यूपी के विकास में मील का पत्थर साबित होगा।

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